भगवान के प्रति विश्वास हो जाये तो बेड़ा पार हो जायेगा-पुज्य संयतमुनिजी
रितिक शर्मा/जयेश झामर

मेघनगर संघ की शान सुरेंद्र कटारिया ने किये 11 उपवास
मेघनगर!मोक्ष जाना जीव का लक्ष्य है जिसके लिये संयम लेना जरूरी है आजकल दूसरे संयम यानी दीक्षा लेते है तो हम कितनी खुशियां मानते है उनका गुणगान करते है परन्तु अपना कोई दीक्षा लेने का मन बनाये तो राग आ जाता है ऐसा क्यों? कोई नई कार लेकर आये ओर कही से स्क्रेच हो जाये तो कितना दुःख हो ता है पर रोज कितनी नई कारो का एक्सीडेंट होता है तो हमें कोई फर्क नही पड़ता जिसको अपना मान लिया उसके प्रति मोह हो जाता है हम अपनों को छोड़ते नही उक्त उदगार फरमाते हुए पूज्य अणुवत्स संयत मुनीजी ने संघ के सुश्रावक सुरेंद्र जी कटारिया की तप अनुमोदना में उनके बारे में बताया की जो काम करोड़ो सुरेंद्र नही कर पाये वो आज धरती के सुरेंद्र ने 11उपवास की तपस्या कर के कर दिखाया
आज की प्रभावना श्री सुरेन्द्रजी कटारिया के 11 उपवास के उपलक्ष्य में श्री सुरेन्द्रजी ऋषभ जी कटारिया परिवार द्वारा वितरित की गई,,
श्री सुदर्शन जी मेहता ने 13 उपवास की बोली लेकर श्री सुरेन्द्रजी कटारिया का बहुमान माला ,शाल ओर संघ की भेंट से किया
श्रीमती स्नेहलता जी वागरेचा 32 उपवास, श्रीमती प्रीतीजी धोका, कु दर्शना जी नाहटा, श्री सुमितजी ब्रिजवानी 30 उपवास के प्रत्यख्यान ग्रहण किये
श्री कमलेश जी भंडारी 14 ,श्रीमती सीमाजी जैन, कु सिद्धि वागरेचा 13 उपवास, श्री राहुल जी वागरेचा 12, श्री सुदर्शन जी मेहता,श्रीमती प्रज्ञाजी भंडारी11,श्रीमती तृप्ति जी बड़ोला 9, श्रीमती निताजी जैन 8 उपवास के प्रत्यख्यान ग्रहण किये।
श्रीमती निलमजी झामर, श्रीमती ऋतुजी गादिया सिद्धितप की आराधना कर रहे हे।
मेरुतप,धर्मचक्र, बेले , वर्षीतप,एकांतर, आदि कई तप आराधना निरंतर गतिमान है।
श्री संघ में 8 अगस्त से सामूहिक सिद्धितप आराधना प्राम्भ होने जा रही हे,,
कार्यक्रम का संचालन विपुल धोका ने किया






